Rhythm Society

खुली किताब – An Open Book

पन्नों के मोड़े हुए कोनों में फंसे दिल का ख़ाब हूँ //
गुफ़्तगू से चुराए आँसुओं का सैलाब हूँ… //

साथ रची तुम्हारी कविता हूँ…
वो कहती है – मैं खुली किताब हूँ।

Rhythm

In-somnia

You pick the cool air / With your toes curling tight / You scratch the sheets raw / And your cheeks as you bite // Where do you exhale……what do you do?

Rhythm

Bemausam

बेमौसम ही बर्सात हुइ जब
बेमौसम बून्दे चख ली शायद
कि बेमौसम रुख़ मुड़ता गया
न जाना मैने कब वक्त बढ़ता गया